रिलायंस इंडस्ट्रीज के चेयरमैन मुकेश अंबानी के छोटे पुत्र अनंत अंबानी मंगलवार को आध्यात्मिक नगरी काशी (Varanasi) पहुंचे। अपने धार्मिक दौरे के दौरान उन्होंने श्री काशी विश्वनाथ मंदिर, मां अन्नपूर्णा मंदिर, दुर्गा मंदिर, संकट मोचन मंदिर और काल भैरव मंदिर में दर्शन-पूजन कर आशीर्वाद प्राप्त किया।
शाम करीब 7:24 बजे अनंत अंबानी काशी विश्वनाथ धाम पहुंचे। यहां उन्होंने वैदिक रीति-रिवाजों के अनुसार बाबा विश्वनाथ का षोडशोपचार पूजन और अभिषेक किया। इसके बाद वह मंदिर में आयोजित सप्तऋषि आरती में शामिल हुए और लगभग आधे घंटे तक आरती का दर्शन किया। मंदिर परिसर (Varanasi) में उनके प्रवास के दौरान सुरक्षा व्यवस्था विशेष रूप से मजबूत रखी गई।
Varanasi: 21 अर्चकों ने कराया कुमकुम पूजन
विश्वनाथ मंदिर से निकलने के बाद अनंत अंबानी मां अन्नपूर्णा मंदिर (Varanasi) पहुंचे, जहां 21 अर्चकों ने वैदिक मंत्रोच्चार के बीच उनका विशेष कुमकुम पूजन कराया। उन्होंने मां भगवती को पुष्पमाला अर्पित कर आशीर्वाद लिया।
मंदिर के महंत शंकर पुरी ने उन्हें प्रसाद स्वरूप मां अन्नपूर्णा की चुनरी, स्फटिक माला और देवी स्वरूप की तस्वीर भेंट की। इस दौरान मंदिर ट्रस्ट द्वारा संचालित सामाजिक एवं धार्मिक गतिविधियों की जानकारी भी उन्हें दी गई, जिसमें उन्होंने विशेष रुचि दिखाई।
दुर्गाकुंड, संकटमोचन और कालभैरव दरबार में भी लगाई हाजिरी
अपने काशी प्रवास के दौरान अनंत अंबानी ने दुर्गाकुंड स्थित मां दुर्गा मंदिर में भी पूजा-अर्चना की। यहां मंदिर (Varanasi) के महंत कौशलपति द्विवेदी ने उन्हें विधिवत पूजन कराया और माता की चुनरी तथा प्रसाद भेंट किया।
इसके बाद उन्होंने संकटमोचन मंदिर (Varanasi) पहुंचकर भगवान हनुमान को तुलसी दल और प्रसाद अर्पित किया। वहीं काशी के कोतवाल माने जाने वाले बाबा कालभैरव के दरबार में भी उन्होंने पूजा-अर्चना की और आरती उतारी। दर्शन के बाद उन्होंने श्रद्धापूर्वक “हर-हर महादेव” का जयघोष भी किया। मंदिरों में दर्शन-पूजन के बाद अनंत अंबानी ने संत रविदास घाट पहुंचकर मां गंगा का दर्शन किया और आध्यात्मिक वातावरण का अनुभव किया।
सुरक्षा के बीच सामान्य श्रद्धालुओं के दर्शन रहे जारी
अनंत अंबानी के दौरे को देखते हुए निजी सुरक्षा कर्मियों के साथ पुलिस बल भी विभिन्न मंदिर परिसरों (Varanasi) में तैनात रहा। हालांकि मंदिर प्रशासन ने आम श्रद्धालुओं के दर्शन-पूजन में किसी प्रकार की बाधा नहीं आने दी और व्यवस्थाएं सामान्य रूप से संचालित होती रहीं।
अनंत अंबानी का यह धार्मिक दौरा काशी की आध्यात्मिक और सांस्कृतिक परंपराओं के प्रति उनकी आस्था का प्रतीक माना जा रहा है। उनके आगमन से मंदिर परिसरों में श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों के बीच विशेष उत्साह देखने को मिला।

