Varanasi: एंटी करप्शन टीम ने शुक्रवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए बिजली विभाग के एक जेई और लाइनमैन को रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। दोनों आरोपियों को मंडुआडीह स्थित पावर हाउस के पास से पकड़ा गया, जहां वे शिकायतकर्ता से पैसे लेने पहुंचे थे।
जानकारी के अनुसार, शिकायतकर्ता शुभम श्रीवास्तव से आरोपियों ने बिजली चोरी के मामले में एफआईआर दर्ज कराने की धमकी देकर 50 हजार रुपये की रिश्वत मांगी थी। बाद में सौदेबाजी के बाद 20 हजार रुपये में मामला निपटाने की बात तय हुई और उसी रकम को लेने के लिए आरोपियों ने उसे बुलाया था।
Varanasi: आरोप लगाते हुए एफआईआर की दी धमकी
शुभम श्रीवास्तव ने एंटी करप्शन टीम (Varanasi) को दी शिकायत में बताया कि बकाया बिल के चलते उसकी बिजली काट दी गई थी। जब वह विभागीय कार्यालय गया तो जेई नवनीत यादव उसके घर पहुंचे और जांच के बाद उस पर बिजली चोरी का आरोप लगाते हुए एफआईआर की धमकी दी। इसके बाद उन्होंने रिश्वत देकर मामला खत्म करने का प्रस्ताव रखा।
लगातार दबाव बनाए जाने पर शिकायतकर्ता ने एंटी करप्शन टीम से संपर्क किया। जांच के बाद टीम ने उसे केमिकल लगे नोट दिए और पूरी योजना तैयार की गई। अधिकारियों (Varanasi) ने आवश्यक अनुमति लेकर गवाहों के साथ मंडुआडीह पावर हाउस पर जाल बिछाया।
जैसे ही शिकायतकर्ता ने तय योजना के अनुसार जेई नवनीत यादव और लाइनमैन लक्ष्मण को 20 हजार रुपये दिए, एंटी करप्शन टीम ने तुरंत कार्रवाई करते हुए दोनों को गिरफ्तार कर लिया। तलाशी के दौरान आरोपियों (Varanasi) के पास से रिश्वत की रकम बरामद हुई, जबकि जेई की जेब से अतिरिक्त नकदी भी मिली है, जिसकी जांच की जा रही है।
फिलहाल दोनों आरोपियों के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। इस कार्रवाई से विभाग में हड़कंप मच गया है और मामले की जांच जारी है।

