काशी हिन्दू विश्वविद्यालय (BHU) ने जूनियर क्लर्क भर्ती प्रक्रिया में शामिल अभ्यर्थियों को बड़ी राहत देते हुए कंप्यूटर टाइपिंग टेस्ट (सीटीटी) दोबारा कराने का निर्णय लिया है। तकनीकी खामियों और अभ्यर्थियों की शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए विश्वविद्यालय प्रशासन ने री-टेस्ट कराने का फैसला किया है।
बुधवार देर रात करीब 10 बजे विश्वविद्यालय ने सभी पात्र अभ्यर्थियों के पंजीकृत ई-मेल पर सूचना भेजी। इसमें अभ्यर्थियों से 5 जुलाई सुबह 10 बजे तक ऑनलाइन माध्यम से अपनी सहमति दर्ज कराने को कहा गया है।
ई-मेल में भेजा गया ऑनलाइन लिंक
विश्वविद्यालय प्रशासन (BHU) के अनुसार, अभ्यर्थियों को भेजे गए ई-मेल में एक ऑनलाइन लिंक उपलब्ध कराया गया है। इच्छुक अभ्यर्थियों को इसी लिंक के माध्यम से री-टेस्ट में शामिल होने की सहमति देनी होगी। निर्धारित समय सीमा समाप्त होने के बाद प्राप्त सहमतियों के आधार पर विश्वविद्यालय नई परीक्षा तिथि, परीक्षा केंद्र और अन्य दिशा-निर्देश जारी करेगा।
गौरतलब है कि 30 अप्रैल को आयोजित कंप्यूटर टाइपिंग टेस्ट के दौरान कई अभ्यर्थियों ने तकनीकी गड़बड़ियों, टाइपिंग सॉफ्टवेयर में त्रुटियों और परीक्षा संचालन में अनियमितताओं की शिकायत की थी।
अभ्यर्थियों ने इस संबंध में विश्वविद्यालय प्रशासन, कुलपति और शिक्षा मंत्रालय तक अपनी शिकायतें पहुंचाई थीं। लगातार उठ रहे सवालों के बाद BHU ने परीक्षा प्रक्रिया, तकनीकी व्यवस्थाओं और परीक्षा केंद्रों पर तैनात पर्यवेक्षकों की रिपोर्ट की विस्तृत समीक्षा कराई। समीक्षा में सामने आए तथ्यों और शिकायतों के आधार पर सभी पात्र अभ्यर्थियों को निष्पक्ष एवं समान अवसर देने के उद्देश्य से टाइपिंग टेस्ट दोबारा कराने का निर्णय लिया गया।
केवल पुराने परीक्षार्थियों को मिलेगा मौका
BHU प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि री-टेस्ट में केवल वही अभ्यर्थी शामिल हो सकेंगे, जिन्होंने 30 अप्रैल को आयोजित कंप्यूटर टाइपिंग टेस्ट में भाग लिया था। जो अभ्यर्थी उस दिन परीक्षा में अनुपस्थित रहे थे, उन्हें दोबारा परीक्षा देने की अनुमति नहीं मिलेगी।
सीबीटी का परिणाम रहेगा यथावत
विश्वविद्यालय ने यह भी स्पष्ट किया है कि भर्ती प्रक्रिया के तहत आयोजित कंप्यूटर आधारित परीक्षा (CBT) के परिणाम में कोई बदलाव नहीं किया जाएगा। सीबीटी के अंक पहले से घोषित परिणाम के अनुसार ही मान्य रहेंगे। केवल कंप्यूटर टाइपिंग टेस्ट दोबारा आयोजित किया जाएगा, ताकि चयन प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी और निष्पक्ष बनी रहे।
BHU: 5 जुलाई तक सहमति देना अनिवार्य
विश्वविद्यालय (BHU) ने सभी पात्र अभ्यर्थियों से अपील की है कि वे अपने पंजीकृत ई-मेल की जांच कर 5 जुलाई सुबह 10 बजे तक ऑनलाइन लिंक के माध्यम से अपनी सहमति अवश्य दर्ज करें। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि निर्धारित समय के बाद प्राप्त सहमति स्वीकार नहीं की जाएगी। सहमति प्रक्रिया पूरी होने के बाद विश्वविद्यालय जल्द ही री-टेस्ट की नई तिथि और विस्तृत परीक्षा कार्यक्रम घोषित करेगा।
BHU के इस फैसले को उन हजारों अभ्यर्थियों के लिए बड़ी राहत माना जा रहा है, जिन्होंने पहले आयोजित टाइपिंग टेस्ट में तकनीकी समस्याओं के कारण निष्पक्ष अवसर नहीं मिलने की शिकायत की थी। अब सभी की निगाहें विश्वविद्यालय द्वारा घोषित की जाने वाली नई परीक्षा तिथि और आगे की भर्ती प्रक्रिया पर टिकी हैं।

