Varanasi: सारनाथ थाना क्षेत्र स्थित नईबाजार में चल रहे एक फर्जी कॉल सेंटर का पुलिस ने पर्दाफाश किया है। पुलिस ने छापेमारी कर नौकरी दिलाने के नाम पर युवाओं से ठगी करने वाले छह लोगों को हिरासत में लिया है। यह कार्रवाई डीसीपी वरुणा जोन प्रमोद कुमार के निर्देशन में एसीपी सारनाथ विद्युत सक्सेना और थाना प्रभारी पंकज त्रिपाठी की टीम ने की।
पुलिस जांच में सामने आया कि जिस जगह को कॉल सेंटर बताया जा रहा था, वहां वास्तव में बेरोजगार युवाओं को नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी का संगठित नेटवर्क (Varanasi) संचालित किया जा रहा था। आरोपी कथित तौर पर युवाओं से रजिस्ट्रेशन फीस, ट्रेनिंग चार्ज और सिक्योरिटी मनी के नाम पर हजारों रुपये वसूलते थे। इसके बाद फर्जी इंटरव्यू लेटर और नियुक्ति पत्र देकर उन्हें गुमराह किया जाता था।
Varanasi: छापेमारी में बरामद हुए दस्तावेज
पुलिस (Varanasi) ने मौके से लैपटॉप, मोबाइल फोन, फर्जी नियुक्ति पत्र और कई रजिस्टर बरामद किए हैं। प्रारंभिक जांच में पता चला है कि दर्जनों बेरोजगार युवक-युवतियां इस गिरोह का शिकार हो चुके हैं। फिलहाल पकड़े गए आरोपियों से पूछताछ जारी है और पुलिस ठगी के पूरे नेटवर्क की जांच कर रही है।
एसीपी सारनाथ विदुष सक्सेना ने बताया कि पीड़ितों से संपर्क कर आगे की कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने लोगों से अपील की कि नौकरी दिलाने के नाम पर रजिस्ट्रेशन फीस या सिक्योरिटी मनी मांगने वाले संस्थानों पर बिना जांच-पड़ताल (Varanasi) के भरोसा न करें। किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी और आईटी एक्ट की धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।

